भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो राजस्थान की भरतपुर इकाई द्वारा आज एक महत्वपूर्ण एवं सुनियोजित कार्रवाई कर धौलपुर नगर परिषद के पाँच अधिकारियों एवं कर्मचारियों को 3 लाख 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हांथो गिरफ्तार किया गया है।जिसमें एसीबी की भरतपुर इकाई द्वारा संस्थागत भ्रष्टाचार को उजागर किया गया है।
आज एसीबी की इस कार्रवाई में नगर परिषद धौलपुर में सामूहिक रूप से व्याप्त भ्रष्टाचार का बड़ा खुलासा हुआ हैं। इस महत्वपूर्ण कार्रवाई में धौलपुर नगर परिषद कार्यालय में कार्यरत सहायक अभियंता (सिविल) प्रिया झा,वरिष्ठ सहायक नीरज शर्मा,वरिष्ठ सहायक एवं केशियर भारत परमार,(50,000 रुपये प्राप्त किए),अग्निशमन शाखा के चालक देवेन्द्र कुमार शर्मा (नीरज शर्मा के साथ मिलकर आयुक्त के लिए 2 लाख रुपये की मांग एवं प्राप्ति) तथा संविदाकर्मी हरेन्द्र गुर्जर(प्रिया झा के निर्देश पर 60,000 रुपये प्राप्त किए) को परिवादी से (कुल 3 लाख 10 हजार रुपये) रिश्वत लेते हुए रंगे हांथो गिरफ्तार किया गया। वहीं नगर परिषद आयुक्त अशोक कुमार शर्मा की भूमिका संदिग्ध पाई गई है,जिन्हें पूछताछ हेतु डिटेन किया गया है।
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस स्मिता श्रीवास्तव ने बताया कि ब्यूरो को शिकायत प्राप्त हुई थी कि परिवादी की पत्नी,जो राजकीय संवेदक हैं,द्वारा किए गए पानी निकासी कार्य के भुगतान का चैक जारी करने की एवज में उपरोक्त अधिकारी-कर्मचारी सामूहिक रूप से 3.10 लाख रुपये की रिश्वत की मांग कर रहे थे।
शिकायत का सत्यापन करने के उपरांत एसीबी ने एक रणनीतिक ट्रैप योजना बनाई जिसके अनुसार आज एसीबी रेंज भरतपुर के उप महानिरीक्षक राजेश सिंह के सुपरविजन एवं एसीबी चौकी भरतपुर के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अमित सिंह के नेतृत्व में ट्रैप कार्रवाई की गई। कार्रवाई के दौरान आरोपीगणों को नगर परिषद कार्यालय धौलपुर में ही परिवादी से रिश्वत राशि प्राप्त करते समय गिरफ्तार किया गया।
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की सघन जांच में यह तथ्य सामने आया है कि नगर परिषद धौलपुर में भ्रष्टाचार संस्थागत रूप से गहराई तक फैला हुआ है और लगभग प्रत्येक स्तर पर कर्मचारी आपसी मिलीभगत से रिश्वतखोरी में संलिप्त पाए गए हैं।
एसीबी ने मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के अन्तर्गत प्रकरण दर्ज कर अग्रिम अनुसंधान प्रारंभ कर दिया है। साथ ही आयुक्त अशोक कुमार शर्मा की संलिप्तता के संबंध में भी विस्तृत जांच की जा रही है।






