सवाल के बदले रिश्वत मामले में एसीबी ट्रेप हुए भारतीय आदिवासी पार्टी (BAP) के बागीदौरा विधायक जयकृष्ण पटेल के खिलाफ विधानसभा की सदाचार कमेटी ने जांच पूरी कर ली है। सदाचार समिति के अध्यक्ष कैलाश वर्मा गुरुवार को 2 बजे विधानसभा स्पीकर वासुदेव देवनानी को रिपोर्ट सौंपेंगे। रिपोर्ट में पटेल की विधायकी खत्म करने तक की सिफारिश भी शामिल हो सकती है, हालांकि सदन में रखे जाने तक रिपोर्ट को गोपनीय रखा गया है।
विधानसभा स्पीकर को सदाचार कमेटी की रिपोर्ट को 1 सितंबर से शुरू होने वाले विधानसभा सत्र के दौरान सदन में रखा जाएगा। इस रिपोर्ट की सिफारिश पर सदन में बहस करवाई जा सकती है। सदाचार कमेटी की रिपोर्ट में विधायक के रिश्वत प्रकरण की जांच है। कमेटी ने विधायक के खिलाफ अगर कार्रवाई की सिफारिश की है तो वह विधानसभा सदन में वोटिंग से होगी।

विधायक पर कार्रवाई का फैसला सदन करेगा रिश्वत मामले में विधायक जयकृष्ण पटेल के खिलाफ स्पीक वासुदेव देवनानी केस चलाने की मंजूरी दे चुके हैं। अब सदाचार कमेटी की रिपोर्ट भी आ रही है। सदाचार कमेटी ने रिश्वत प्रकरण में विधायक की भूमिका पर जांच की है। कमेटी ने एसीबी से लेकर सभी संबंधित एजेंसियों से भी पूरी पड़ताल की है। इसमें विधायक का भी पक्ष लिया है। रिपोर्ट में कमेटी ने सभी पहलुओं पर जांच कर अपनी सिफारिशों को शामिल किया है। जानकारों के मुताबिक ऐसे मामलों में कमेटी विधायक को दोषी मानती है तो विधायकी खत्म करने तक की सिफारिश कर सकती है।
स्पीकर ने सदाचार कमेटी को सौंपा था मामला विधायक पटेल को खान से जुड़े सवाल को वापस लेने के बदले रिश्वत लेने के मामले में एसीबी ने अरेस्ट किया था। उस वक्त विधानसभा स्पीकर ने पटेल के मामले की जांच विधानसभा की सदाचार कमेटी को दी थी। यह कमेटी विधायकों के आचरण से जुड़े हर मामले की जांच करती है। विधायक अगर गंभीर दुराचरण के दोषी पाए जाते हैं तो सदाचार कमेटी कार्रवाई की सिफारिश करती है। इसमें विधायकी खत्म करने तक की सिफारिश भी हो सकती है। स्पीकर वासुदेव देवनानी ने कहा कि अभी संबंधित विधायक विधायक में आ सकते हैं, फिलहाल कोई कार्रवाई नहीं हुई है।






